
उदयपुर/जयपुर | राजस्थान भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी जीरो टॉलरेंस नीति के तहत आज उदयपुर जिले की वल्लभनगर तहसील में बड़ी कार्यवाही को अंजाम दिया है। एसीबी की स्पेशल यूनिट, उदयपुर ने जाल बिछाकर भू-अभिलेख निरीक्षक (RI) देवेन्द्र सिंह राणावत को 15,000 रुपये की रिश्वत राशि स्वीकार करते हुए रंगे हाथों दबोच लिया। इस मामले में तहसीलदार की भूमिका भी जांच के घेरे में है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक गोविन्द गुप्ता ने बताया कि परिवादी ने एसीबी चौकी उदयपुर में शिकायत दर्ज कराई थी। परिवादी की ग्राम राणाकुई (तहसील वल्लभनगर) में स्थित पांच बीघा कृषि भूमि रिकॉर्ड में त्रुटिवश ‘बारानी तृतीय’ के बजाय ‘भवन’ दर्ज हो गई थी। इस गलती को सुधारने (शुद्धिकरण) के लिए परिवादी ने तहसीलदार वल्लभनगर के समक्ष आवेदन किया था। इसी कार्य को फाइल पर आगे बढ़ाने और ऑनलाइन अपडेट करने के बदले आरआई देवेन्द्र सिंह राणावत ने 15,000 रुपये की मांग की थी।
एसीबी के उप महानिरीक्षक डॉ. रामेश्वर सिंह के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजीव जोशी के नेतृत्व वाली टीम ने शिकायत का सत्यापन किया।
सत्यापन : 13 और 23 फरवरी 2026 को की गई सत्यापन कार्यवाही में रिश्वत की मांग की पुष्टि हुई।
ट्रैप : आज पुलिस निरीक्षक लक्ष्मणलाल डांगी और उनकी टीम ने सुनियोजित तरीके से कार्यवाही करते हुए आरोपी आरआई को परिवादी से रिश्वत की रकम लेते हुए गिरफ्तार कर लिया।
तहसीलदार की भूमिका संदिग्ध : जांच के घेरे में ‘साहब’
इस पूरे घटनाक्रम में सबसे महत्वपूर्ण मोड़ तब आया जब सत्यापन वार्ता के दौरान आरोपी आरआई ने यह स्वीकार किया कि वह यह शुद्धिकरण आदेश “साहब” (तहसीलदार वल्लभनगर) से करवाएगा। एसीबी ने अपनी रिपोर्ट में स्पष्ट किया है कि इस मामले में तहसीलदार की भूमिका संदिग्ध है और उनके विरुद्ध भी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
उच्चाधिकारियों का सुपरविज़न : एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस श्रीमती स्मिता श्रीवास्तव के सुपरविज़न में आरोपी से सघन पूछताछ जारी है। ब्यूरो ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर अग्रिम अनुसंधान शुरू कर दिया है।
आरोपी : देवेन्द्र सिंह राणावत (भू-अभिलेख निरीक्षक, वृत्त दरौली, हाल वल्लभनगर)
रिश्वत राशि : 15,000/- रुपये
कार्य : कृषि भूमि की किस्म में रिकॉर्ड सुधार (शुद्धिकरण)
कार्यवाही टीम : एएसपी राजीव जोशी, सीआई लक्ष्मणलाल डांगी एवं टीम।
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