
उदयपुर। उदयपुर नगर निगम में तमाम अंदरूनी खींचतान और कयासों पर विराम लगाते हुए भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने पूर्व जिलाध्यक्ष और वरिष्ठ नेता दिनेश भट्ट के नाम को उपमहापौर (डिप्टी मेयर) पद के लिए अंतिम रूप दे दिया है। वहीं, मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस की ओर से पार्षद लक्ष्मीनारायण मेघवाल चुनावी मैदान में उतार सकते हैं।
निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, सुबह 10:00 से 11:00 बजे तक नामांकन दाखिल किए जाने हैं। दोनों दलों के प्रत्याशी अपने समर्थकों और वरिष्ठ नेताओं के साथ नगर निगम पहुंचकर पर्चा दाखिल कर रहे हैं।
कैसे तय हुआ दिनेश भट्ट का नाम?
मेयर पद पर पारस सिंघवी की ताजपोशी के बाद से ही डिप्टी मेयर की कुर्सी को लेकर भाजपा के भीतर खींचतान चल रही थी:
शीर्ष नेताओं की पहली पसंद: दिनेश भट्ट के नाम पर शहर विधायक ताराचंद जैन, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला का खेमा शुरुआत से ही अडिग था।
संगठनात्मक अनुभव और संतुलन: ब्राह्मण समाज के कद्दावर चेहरे और पार्टी संगठन में लंबा प्रशासनिक अनुभव रखने वाले भट्ट को कमान सौंपकर भाजपा ने शहर के सामाजिक और राजनीतिक समीकरणों को साधने का फैसला किया।
दावेदारों पर भारी पड़ा कद : प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ खेमे की ओर से पंकज बोराणा और संघ पृष्ठभूमि से कविता जोशी के नामों पर चर्चा जरूर चली, लेकिन अंततः वरिष्ठता, पार्षदों की राय और नगर निगम के जमीनी संतुलन को देखते हुए पार्टी नेतृत्व ने दिनेश भट्ट के नाम पर ही अंतिम मुहर लगाई।
चुनावी कार्यक्रम (आज की प्रक्रिया)
नामांकन दाखिला: सुबह 10:00 से 11:00 बजे तक
नामांकन पत्रों की संवीक्षा (जांच): सुबह 11:00 से 12:00 बजे तक
नाम वापसी: दोपहर 2:00 बजे तक
मतदान: दोपहर 2:30 बजे से शाम 5:00 बजे तक
मतगणना एवं परिणाम: शाम 5:00 बजे के तुरंत बाद परिणाम घोषित किए जाएंगे।
80 सदस्यीय सदन में भाजपा के पास 55 पार्षदों का समर्थन (मेयर चुनाव के अनुसार) होने के चलते दिनेश भट्ट की जीत तय मानी जा रही है।
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