फोटो एंड रिपोर्ट कमल कुमावत
उदयपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के स्थापना दिवस और विजयादशमी के पावन पर्व पर मंगलवार को झीलों की नगरी उदयपुर में भव्य पथ संचलन का आयोजन किया गया। सूरजपोल स्थित राजस्थान कृषि महाविद्यालय (RCA) खेल मैदान से शुरू हुए इस संचलन में पूर्ण गणवेशधारी स्वयंसेवकों ने घोष (बैंड) की धुन पर अनुशासित कदमताल करते हुए शहर के प्रमुख मार्गों का भ्रमण किया। मार्ग में जगह-जगह सामाजिक संगठनों और विभिन्न समाजों के प्रबुद्ध नागरिकों ने पुष्पवर्षा कर स्वयंसेवकों का अभिनंदन किया।
आरसीए मैदान में शस्त्र पूजन और बौद्धिक सत्र
आरएसएस उदयपुर महानगर के संघचालक गोविंद अग्रवाल ने बताया कि विजयादशमी उत्सव की शुरुआत सुबह 7:45 बजे आरसीए खेल मैदान में हुई:
शस्त्र पूजन एवं बौद्धिक: मैदान में एकत्रित स्वयंसेवकों ने पूर्ण गणवेश में आद्य सरसंघचालक प्रणाम और पारंपरिक शस्त्र पूजन संपन्न किया। इसके उपरांत राष्ट्र निर्माण, सामाजिक समरसता और संगठनात्मक संकल्प को लेकर बौद्धिक सत्र आयोजित हुआ।
सजावट और विशिष्ट अतिथि: उत्सव के लिए मैदान और मुख्य प्रवेश द्वार को विशेष रूप से सजाया गया था तथा आकर्षक रंगोली बनाई गई थी। समारोह में शहर के 30 विशिष्ट प्रबुद्धजनों को आमंत्रित किया गया था, जिनके लिए मंच के दोनों ओर बैठने की व्यवस्था की गई थी।
सूरजपोल से चेतक चौराहा: इन प्रमुख मार्गों से निकला संचलन
समारोह के पश्चात सुबह 10:15 बजे अनुशासित पथ संचलन शुरू हुआ:
मार्ग का दायरा: आरसीए खेल मैदान से निकलकर स्वयंसेवक सूरजपोल पहुंचे। इसके बाद बैंक तिराहा, बापू बाजार होते हुए देहलीगेट दरवाजा पहुंचे।
शहर का भ्रमण: यहां से संचलन हाथीपोल, चेतक चौराहा, कोर्ट चौराहा, शास्त्री चौराहा और सभापति भवन होते हुए शक्ति नगर स्थित सनातन मंदिर पहुंचा।
समापन: सनातन मंदिर से आगे बढ़कर संचलन श्रमजीवी महाविद्यालय मार्ग से होते हुए पुनः आरंभ स्थल आरसीए खेल मैदान पहुंचकर विसर्जित हुआ।
पुष्पवर्षा से स्वागत और सुदृढ़ व्यवस्थाएं
संचलन के पूरे मार्ग में व्यापारिक मंडलों, सामाजिक संगठनों और नागरिकों ने पुष्पवर्षा कर अनुशासन और कदमताल की सराहना की। कार्यक्रम में आने वाले स्वयंसेवकों और अतिथियों के दोपहिया व चारपहिया वाहनों के लिए आरसीए परिसर में ही व्यवस्थित पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित की गई थी।
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