उदयपुर। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आरआर डेंटल कॉलेज एवं हॉस्पिटल, उदयपुर में एक भव्य पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस गरिमामयी कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति व्यापक जागरूकता बढ़ाना और विद्यार्थियों सहित चिकित्सा कर्मचारियों को प्रकृति के प्रति उनकी नैतिक जिम्मेदारी का अहसास कराना था।
कॉलेज परिसर में रोपे गए छायादार और फलदार पौधे
कार्यक्रम का नेतृत्व संस्थान के चेयरमैन हरीश राजानी, निदेशक यश राजानी एवं प्रिंसिपल डॉ. निखिल वर्मा ने किया। उनके मार्गदर्शन में कॉलेज के विशाल परिसर में विभिन्न प्रकार के छायादार और फलदार पौधों का रोपण किया गया। इस पुनीत कार्य में कॉलेज के संकाय सदस्यों (फैकल्टी), वरिष्ठ चिकित्सकों, प्रशासनिक कर्मचारियों और छात्र-छात्राओं ने पूरे उत्साह और ऊर्जा के साथ भाग लिया।
पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने का आह्वान
पौधारोपण के उपरांत आयोजित सभा में संस्थान के प्रबुद्धजनों ने पर्यावरण की सुरक्षा को लेकर अपने महत्वपूर्ण विचार साझा किए:
चेयरमैन हरीश राजानी ने समाज को जागरूक करते हुए कहा कि पर्यावरण की रक्षा केवल एक दिन (5 जून) तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि इसे एक निरंतर चलने वाले जनआंदोलन का रूप देना बेहद आवश्यक है। यदि प्रत्येक नागरिक प्रतिवर्ष कम से कम एक पौधा लगाए और अपनी संतान की तरह उसकी देखभाल करे, तो हम सब मिलकर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक बहुत बड़ा और ऐतिहासिक योगदान दे सकते हैं।
निदेशक यश राजानी ने युवा विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि वे प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनें और वृक्षारोपण को किसी औपचारिकता के बजाय अपनी दैनिक जीवनशैली का एक अनिवार्य हिस्सा बनाएं।
प्रिंसिपल डॉ. निखिल वर्मा ने वृक्षों के महत्व को रेखांकित करते हुए बेहद सटीक बात कही कि वृक्ष ही मानव जीवन के वास्तविक आधार हैं; इनके संरक्षण और संवर्धन से ही हम अपनी आने वाली पीढ़ी के लिए एक स्वस्थ, स्वच्छ और सुरक्षित भविष्य का निर्माण कर सकते हैं।
कार्यक्रम के समापन पर वहां मौजूद सभी संकाय सदस्यों, चिकित्सकों और विद्यार्थियों ने रोपे गए पौधों की नियमित रूप से सिंचाई और देखभाल करने का दृढ़ संकल्प लिया। साथ ही, उन्होंने इस हरित संदेश को समाज के प्रत्येक वर्ग और घर-घर तक पहुंचाने की शपथ भी ली। कॉलेज प्रशासन की ओर से आश्वस्त किया गया कि भविष्य में भी पर्यावरण और जन-स्वास्थ्य से जुड़े ऐसे चेतना कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जाते रहेंगे।
About Author
You may also like
उदयपुर की बिसात : जिला प्रमुख की कुर्सी, सामान्य वर्ग की बाजी और पहले चरण का सियासी चक्रव्यूह
शौर्य चक्र विजेता मेजर मुस्तफा की चौथी पुण्यतिथि: फतहसागर की पाल पर गूंजा ‘रन फॉर मुस्तफा’, नम आंखों और गर्व के साथ उदयपुर ने दी श्रद्धांजलि
जिंक, ज़मीन और जन-कल्याण: कैसे हिंदुस्तान जिंक का स्वास्थ्य मॉडल खनन की पुरानी परिभाषा बदल रहा है
उदयपुर में CID और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई : अवैध रूप से रह रही 3 थाईलैंड मूल की महिलाएं डिटेन, स्पा की आड़ में खेल, होटल मालिक पर गिरेगी गाज
उदयपुर में रावण दहन : सौ फीट की सोने की लंका, पंद्रह मिनट की राख और एक बुझती हुई रात

