संसद सुरक्षा चूक : यूएपीए के तहत मामला दर्ज, 6 ने मिलकर बनाई योजना, 5 गिरफ्तार

नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस ने संसद सुरक्षा चूक की घटना के संबंध में गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत मामला दर्ज किया है। अधिकारियों ने गुरुवार को यह जानकारी दी।

संसद पर 2001 को हुए आतंकी हमले की बरसी के दिन बुधवार को सुरक्षा में सेंधमारी की बड़ी घटना उस वक्त सामने आई जब लोकसभा की कार्यवाही के दौरान दर्शक दीर्घा से दो लोग- सागर शर्मा और मनोरंजन डी सदन के भीतर कूद गए, नारेबाजी की और ‘केन’ के जरिये पीले रंग का धुआं फैला दिया। इस बीच कुछ सांसदों ने दोनों को पकड़ लिया।


बुधवार को लोकसभा की सुरक्षा में हुई बड़ी सुरक्षा चूक के ममाले में गृह मंत्रालय ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के महानिदेशक अनीश दयाल सिंह की अध्यक्षता में एक जांच कमिटी बनायी है।

गृह मंत्रालय ने जानकारी दी है कि जांच कमिटी संसद की सुरक्षा में हुई चूक और इसकी वजहों की जांच करेगी और इसे बेहतर करने के लिए मंत्रालय को जल्द रिपोर्ट सौंपेगी।

इससे पहले कांग्रेस ने गृह मंत्री अमित शाह से सदन में आकर लोकसभा की सुरक्षा में हुई चूक पर बयान देने की मांग की थी। विपक्ष का कहना था कि सदन के भीतर इस तरह का वाकया होना ये बताता है कि सुरक्षा को लेकर ज़रूरी क़दम नहीं उठाए गए हैं।

गृहमंत्री अमित शाह बुधवार को मध्य प्रदेश के नए मुख्यमंत्री मोहन यादव के शपथ ग्रहण सामरोह में हिस्सा लेने के लिए भोपाल गए थे।

लोकसभा में एक दिन पहले ज़ीरो-आर के दौरान दो व्यक्ति विज़िटर गैलरी से जहां सांसद बैठते हैं उस हिस्से में कूद गए और उनके हाथों में छोटे कनस्तर थे जिनसे पीली गैस निकल रही थी। उस वक्त सदन में मौजूद सांसदों का कहना था कि इन व्यक्तियों ने नारेबाज़ी भी की।

लगभग इसी समय सदन के बाहर संसद के परिसर में एक पुरुष और एक महिला ने ‘तानाशाही नहीं चलेगी’ के नारे लगाते हुए छोटे से कनस्तरों से रंगीन गैस स्प्रे किया।

दिल्ली पुलिस का कहना है कि छह लोगों ने मिल कर इसकी योजना बनायी और इनमें से पांच लोगों की गिरफ़्तारी हो गयी है। सोशल मीडिया पर ये सभी बात करते, उसी पर योजना बनाई गई।

13 दिसंबर के ही दिन साल 2001 में संसद में हमला हुआ था।

(Visited 27 times, 1 visits today)

About Author

Leave a Reply