
जयपुर। जयपुर पुलिस ने छात्राओं को आत्मनिर्भर बनाने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए शुक्रवार को दो प्रमुख शिक्षण संस्थानों में आत्मरक्षा कार्यशालाओं का आयोजन किया। ये कार्यक्रम महारानी कॉलेज और मणिपाल यूनिवर्सिटी में हुए, जहाँ छात्राओं को आत्मरक्षा के गुर सिखाए गए।

महारानी कॉलेज में आत्मरक्षा और जागरूकता
महारानी कॉलेज में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को न केवल आत्मरक्षा के कौशल सिखाना था बल्कि उन्हें कानूनी और डिजिटल सुरक्षा के प्रति भी जागरूक करना था।

इस अवसर पर पुलिस आयुक्त बिजू जॉर्ज जोसेफ, आईपीएस जतिन जैन और अभिजीत शर्मा तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुनीता मीणा जैसी हस्तियाँ मौजूद रहीं।

- विशेष प्रदर्शन : कालिका पेट्रोलिंग टीम ने आत्मरक्षा की तकनीकें प्रदर्शित कीं, जिन्होंने छात्राओं को प्रेरणा दी।
- डिजिटल सुरक्षा : छात्राओं को राजकॉप सिटिजन ऐप और आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर (1090, 112) के उपयोग के बारे में बताया गया।
- नारी सशक्तिकरण : राजस्थान विश्वविद्यालय के छात्रों ने नारी सशक्तिकरण पर एक प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत कर उत्पीड़न और सुरक्षा जैसे मुद्दों पर प्रकाश डाला।
- समापन : कार्यशाला का समापन “सशक्त नारी, ज़िम्मेदारी हमारी” की शपथ के साथ हुआ।
शुक्रवार शाम को इसी तरह का एक और कार्यक्रम मणिपाल यूनिवर्सिटी में आयोजित किया गया। - इस दौरान जयपुर पुलिस कमिश्नर बिजू जॉर्ज जोसेफ, डीसीपी वेस्ट हनुमान प्रसाद मीणा और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुनीता मीणा ने छात्राओं को सुरक्षा के प्रति जागरूक किया।
जयपुर पुलिस की यह पहल महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो छात्राओं को न केवल शारीरिक रूप से मजबूत बना रहा है, बल्कि उन्हें अपने अधिकारों और सुरक्षा के प्रति भी सचेत कर रहा है।
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