
उदयपुर। राजस्थान के जल प्रबंधन क्षेत्र को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली है। विद्या भवन, सीटीएई और राज्य के जलग्रहण विकास विभाग से जुड़े पांच विशेषज्ञों को प्रतिष्ठित ऑस्ट्रेलिया अवार्ड फेलोशिप के लिए चयनित किया गया है। इस फेलोशिप के तहत वे एक माह तक ऑस्ट्रेलिया में जलवायु परिवर्तन और जल प्रबंधन पर शोध करेंगे।
फेलोशिप प्राप्त करने वालों में डॉ. अनिल मेहता, डॉ. सुषमा जैन, डॉ. मनजीत सिंह, प्रहलाद सोनी और सुशीला यादव शामिल हैं। इनके साथ गुजरात के एक और नेपाल के सात जल विशेषज्ञ भी इस कार्यक्रम में भाग लेंगे। यह फेलोशिप ऑस्ट्रेलिया सरकार के विदेश मामलात एवं ट्रेड विभाग द्वारा दी जाती है और इंस्टीट्यूट फॉर स्टडी एंड डेवलपमेंट वर्ल्डवाइड, वेस्टर्न सिडनी यूनिवर्सिटी तथा ऑस्ट्रेलिया इंडिया वॉटर सेंटर के सहयोग से आयोजित की जा रही है।
फेलोशिप कार्यक्रम का नेतृत्व डॉ. बसंत माहेश्वरी और डॉ. बसुंधरा भट्टराई करेंगे, जबकि डॉ. निक शोफिल्ड और डॉ. रोजर पेकहैम इसका संयोजन करेंगे। यह कार्यक्रम 14 अप्रैल से आरंभ होगा और प्रतिभागी 13 अप्रैल को ऑस्ट्रेलिया के लिए प्रस्थान करेंगे।
विद्या भवन के अध्यक्ष डॉ. जितेंद्र तायलिया और मुख्य संचालक राजेंद्र भट्ट ने जानकारी दी कि इस फेलोशिप के तहत उदयपुर की टीम ‘आयड-बेडच बेसिन’ क्षेत्र पर, जबकि नेपाल की टीम ‘चूरे तराई बेसिन’ और ऑस्ट्रेलिया की टीम हॉक्सबरी-निपीन, हंटर वैली, विंगेकेरेबी और वोलोंगोंग जलग्रहण क्षेत्रों पर अध्ययन करेगी।
इस अध्ययन में शहरी जल आपूर्ति प्रबंधन, वर्षा जल की गुणवत्ता, बाढ़ प्रबंधन, जलवायु परिवर्तन अनुकूलन, ग्रामीण-शहरी जल प्रबंधन, जल सुरक्षा, जल संशोधन और पर्यावरणीय प्रवाह जैसे अहम विषयों पर शोध किया जाएगा। सभी विशेषज्ञ मिलकर अनुभव साझा करेंगे और एक समग्र रणनीति तैयार करेंगे।
डॉ. अनिल मेहता ने इस उपलब्धि को उदयपुर और राजस्थान के जल स्रोतों के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। वहीं, डॉ. बसंत माहेश्वरी ने कहा कि जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभावों को देखते हुए टिकाऊ जलग्रहण प्रबंधन अब पहले से कहीं अधिक आवश्यक हो गया है। यह फेलोशिप विशेषज्ञों को ज्ञान, कौशल और नेटवर्क से समृद्ध करेगी ताकि वे जलवायु जोखिमों का प्रभावी प्रबंधन कर सकें।
About Author
You may also like
सिलेंडर की ब्लैक-मार्केटिंग से दो करोड़ की घूस का खेल’: उदयपुर के महाघोटाले का नेक्सस, बिग बुल और हमारी लाचार व्यवस्था
कुर्सी, कौम और कर्तव्य : उदयपुर में नवनिर्वाचित पार्षद योगेश कुमावत का भव्य अभिनंदन
तीस बरस का सफर और लेंस में कैद मेवाड़ : फोटो जर्नलिस्ट कमल कुमावत की नज़र से झीलों की नगरी का जादुई संसार
विश्व पर्यटन दिवस पर सिटी पैलेस में सजी पैनोरमा उदयपुर सीज़न-3 कला प्रदर्शनी
पर्दे के पीछे : 272 भूखंडों का सिंडिकेट और दो करोड़ का हफ्ता
