
ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के बीच ट्रंप का दावा— “बहुत जल्द खत्म होगा युद्ध
दुबई/वाशिंगटन। मध्य पूर्व में जारी भीषण सैन्य संघर्ष के बीच वैश्विक बाजारों और कूटनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के खिलाफ जारी युद्ध “बहुत जल्द” अपने अंत की ओर है। उनके इस बयान के बाद आसमान छूती तेल की कीमतों में अचानक बड़ी गिरावट दर्ज की गई है।
राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान के खिलाफ जारी सैन्य कार्रवाई को ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ (Operation Epic Fury) का नाम दिया है। ट्रंप ने इसे “अब तक के सबसे जटिल और आश्चर्यजनक ऑपरेशनों में से एक” बताया। उनका दावा है कि अमेरिका अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने के करीब है और यह अभियान “शेड्यूल से आगे” चल रहा है।
पुतिन से चर्चा: युद्ध शुरू होने के बाद पहली बार ट्रंप और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच फोन पर बातचीत हुई। ट्रंप ने इस बातचीत को “बहुत अच्छा” बताया, जिससे संकेत मिलते हैं कि दोनों महाशक्तियां संकट को नियंत्रित करने के लिए संवाद कर रही हैं।
तेल की कीमतों में ‘यू-टर्न’ : कल तक $119.50 प्रति बैरल तक पहुँचने के बाद, ब्रेंट क्रूड की कीमतें अब गिरकर $98.96 पर आ गई हैं।
बाजार की प्रतिक्रिया : ट्रंप के “युद्ध जल्द खत्म होने” के दावे ने निवेशकों को राहत दी है। इससे पहले, $100 के पार तेल की कीमतों ने वैश्विक स्तर पर मुद्रास्फीति (Inflation) का डर पैदा कर दिया था, जिसके कारण ऑस्ट्रेलियाई और एशियाई शेयर बाजारों में भारी गिरावट देखी गई थी।
ईरान का नया नेतृत्व और ‘स्ट्रेत ऑफ हॉर्मुज’ की धमकी : ईरान के नए सर्वोच्च नेता मुजतबा खमेनेई के चयन पर ट्रंप ने अपनी नाराजगी जाहिर की है। ईरान ने धमकी दी है कि यदि क्षेत्रीय देशों ने अमेरिकी और इजरायली राजदूतों को निष्कासित नहीं किया, तो वह स्ट्रेत ऑफ हॉर्मुज (Strait of Hormuz) से होने वाले तेल निर्यात को रोक सकता है।
वैश्विक प्रभाव: स्ट्रेत ऑफ हॉर्मुज दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्ग है। ट्रंप ने संकेत दिया है कि अमेरिका इस मार्ग को अपने नियंत्रण में लेने पर विचार कर रहा है।
युद्ध के बढ़ते दायरे और मानवीय क्षति : लेबनान में तबाही: लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इजरायली हमलों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 486 हो गई है, जिसमें कम से कम 83 बच्चे शामिल हैं। मानवाधिकार संगठन (HRW) ने इजरायल पर लेबनान में ‘व्हाइट फास्फोरस’ हथियारों के इस्तेमाल का आरोप लगाया है।
क्षेत्रीय सहयोग : ऑस्ट्रेलिया खाड़ी क्षेत्र में अपने विमान और मिसाइलें तैनात करने जा रहा है, जबकि यूक्रेन ने जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों की रक्षा के लिए अपने ‘ड्रोन विशेषज्ञों’ को भेजा है।
उत्तर कोरिया का रुख : मध्य पूर्व में जारी इस युद्ध ने उत्तर कोरिया को अपनी परमाणु नीतियों को और कड़ा करने का अवसर दिया है। किम जोंग-उन ने कहा है कि ईरान पर हो रहे हमलों से यह साबित होता है कि “परमाणु हथियार ही सुरक्षा का एकमात्र रास्ता है।”
जहां एक ओर ट्रंप युद्ध के जल्द खत्म होने की उम्मीद जगा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर जमीनी हकीकत और ईरान की ‘ऑयल ब्लॉक’ की धमकी स्थिति को और भी अनिश्चित बना रही है।
About Author
You may also like
अमेरिका-ईरान शांति वार्ता को बड़ा झटका : ट्रंप ने रद्द किया पाकिस्तान दौरा, कहा- ईरान में किसी को नहीं पता इंचार्ज कौन है
बीजेपी के पाप छिपा रही है पुलिस? उदयपुर फाइल्स’ पर जूली का भीषण प्रहार, पूछा- वह रसूखदार नेता कौन है?
उदयपुर सेंट्रल जेल में बवाल : तलाशी के दौरान कैदियों ने जेल प्रहरियों पर किया हमला, केस दर्ज
शालेट होटल्स लिमिटेड का राजस्थान में पदार्पण : 171 करोड़ रुपये में उदयपुर के रिसॉर्ट का अधिग्रहण
न्यूज़ बुलेटिन : ग्लोबल और नेशनल अपडेट्स
