शहर की विरासत संरक्षण समिति : चार साल में इस समिति ने आखिर क्या काम किए?

Editor’s comment : एक दिन पहले उदयपुर नगर निगम की विरासत संरक्षण समिति की बैठक में सुरजपोल गेट के पास फव्वारे लगाने, दरवाजों के रंग रोगन व संकेतक बोर्ड लगाने का निर्णय किया है। सवाल यह है कि पिछले चार सालों में इस समिति की कितनी बैठकें हुई, उनमें लिए गए निर्णयों की क्या क्रियान्विति हुई? क्या चार साल में समिति की वजह से किसी एक विरासत का संरक्षण हो हो पाया? जो कुछ हुआ वो स्मार्ट सिटी के तहत हुआ। निगम तो ठीक से मॉनिटरिंग भी नहीं कर पाया है। यह तो एक समिति की बात है, सभी समितियों को चुनाव से पहले अपने काम का ब्यौरा पेश करना चाहिए। विपक्ष को भी इन मुद्दों पर सवाल उठाने की जरूरत है।

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शहर की विरासत संरक्षण को लेकर निगम में आयोजित हुई समिति की बैठक
लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय।
उदयपुर। नगर निगम विरासत संरक्षण समिति की बैठक मंगलवार को निगम कार्यालय में समिति अध्यक्ष मदन दवे की अध्यक्षता में आयोजित की गई।
विरासत संरक्षण समिति अध्यक्ष मदन दवे ने बताया कि मंगलवार को समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में शहर में उपस्थित विरासतो के संरक्षण को लेकर गहन विचार विमर्श किया गया। बैठक में तय किया गया कि हमें उदयपुर की विरासत को संजो कर रखना है।

स्मार्ट सिटी द्वारा कई विरासतो को संरक्षित किया जा चुका है अब जो बची हुई है उन्हें हम कैसे सुरक्षित कर सकते हैं उन पर विचार विमर्श करना होगा , राजस्थान में बीकानेर, जैसलमेर सहित कई ऐसे शहर हैं जहां पर पर्यटक केवल हवेलियां देखने जाते हैं उन पर्यटकों को उदयपुर की हवेली दिखाई जा सकती है। जल्द ही महापौर गोविंद सिंह टांक, आयुक्त राम प्रकाश, उपमहापौर पारस सिंघवी से साथ मिलकर इस बारे में अग्रिम कार्यवाही प्रारंभ की जाएगी।


मार्ग संकेतक लगेंगे।
बैठक में समिति सदस्य रुचिका चौधरी ने वॉल सिटी वार्डो में मार्ग सूचक बोर्ड लगवाने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने बताया कि कई पर्यटक मार्ग सूचक बोर्ड नहीं होने के कारण परेशान रहते हैं इस कारण यदि जगह-जगह बोर्ड लगवा दिए जाएंगे तो उन्हें शहर के अंदरूनी इलाकों में घूमने में कोई समस्या नहीं होगी।
चांदपोल पुलिया पर चलेंगी पेडल बोट।


विरासत संरक्षण समिति की बैठक में प्रस्ताव लिया गया कि दाईजी की पुलिया से चांदपोल पुलिया के मध्य पेडल बोट का संचालन किया जाए, क्योंकि इस स्थान पर पूरे दिन भर देसी विदेशी सैलानियों का तांता लगा रहता है। पर्यटकों को आकर्षण मिलने के साथ ही नगर निगम को अतिरिक्त आय भी प्राप्त हो सकती है। इस पर विधिक राय लेकर अग्रिम कार्रवाई करने का प्रस्ताव लिया गया।


सूरजपोल गेट पर लगेंगे फव्वारे।
विरासत सरसन समिति की बैठक में निर्णय किया गया कि सूरजपोल गेट के पास स्थित पार्क में आकर्षक फूवारे लगाया जाए जिससे उस स्थान को और निखारा जा सकेगा । इस पर उद्यान समिति अध्यक्ष महेश त्रिवेदी ने उद्यान समिति के माध्यम से इस कार्य को क्रियान्वित करने हेतु आश्वस्त किया।
झील अंदर घुमटीया और सभी दरवाजों का होगा रंगरोगन।


विरासत संरक्षण समिति की बैठक में निर्णय लिया गया कि शहर के सभी दरवाजों की मरम्मत कर उनका रंग-रोगन किया जाएगा जिससे दरवाजों की आयु बढ़ाई जा सके। साथ ही पिछोला झील में स्तिथ जो भी घुमटिया है उन्हे भी रंगीन बनाया जायेगा।
चांदपोल दरवाजे के पास टूटे कांच बदलेंगे।


विरासत संरक्षण समिति की बैठक में समिति अध्यक्ष मदन दवे द्वारा सभी का ध्यान आकर्षित किया गया कि कुछ समय पूर्व समझ कंटकों द्वारा चांदपोल के पास टफन ग्लास को तोड़ दिया गया था जिसकी प्रथम सूचना रिपोर्ट घंटाघर पुलिस थाने में दर्ज करवाई जा चुकी है चुकी यह पर्यटकों का प्रमुख केंद्र है इसलिए जल्द से जल्द कांच को बदलवाया जाएगा।
बैठक में समिति सदस्य रुचिका चौधरी, मीरा देवी मीणा, पूनम चंद मोर, चंद्र प्रकाश सुवालका निगम अधिकारी रवि जैन आदि उपस्थित रहे।

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