
उदयपुर। अमृतलाल मीणा, सलूंबर के विधायक, का हाल ही में निधन हो गया। उनका जीवन संघर्ष और सेवा का प्रतीक था। मीणा जी ने अपने राजनीतिक जीवन में अनेक महत्वपूर्ण कार्य किए और समाज के हर तबके के लिए आवाज उठाई।
अमृतलाल मीणा ने कोरोना महामारी के दौरान भी अदम्य साहस और संघर्ष का परिचय दिया। वे कोरोना वायरस से संक्रमित हो गए थे, लेकिन अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति और साहस के बल पर उन्होंने इस बीमारी को मात दी। उनकी इस जीत ने कई लोगों को प्रेरित किया और यह सिद्ध किया कि दृढ़ संकल्प और सकारात्मक सोच से किसी भी चुनौती का सामना किया जा सकता है।
वे हमेशा से ही समाज के गरीब और वंचित वर्ग के उत्थान के लिए प्रयासरत रहे। उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान अनेक विकास परियोजनाओं को लागू किया और सलूंबर क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया। शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं के क्षेत्र में उन्होंने अनेक महत्वपूर्ण पहल कीं।
अंतिम विदाई : अमृतलाल मीणा का निधन केवल सलूंबर ही नहीं, बल्कि पूरे राज्य के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उनके निधन से राजनीति और समाज सेवा के क्षेत्र में एक बड़ा शून्य उत्पन्न हो गया है। उनकी स्मृति हमेशा हमारे दिलों में जीवित रहेगी और उनके द्वारा किए गए कार्य हमें प्रेरित करते रहेंगे।
अमृतलाल मीणा का जीवन एक प्रेरणा स्रोत था। उनका संघर्ष, सेवा, और समाज के प्रति उनका समर्पण हमें हमेशा प्रेरित करेगा। उनकी यादें और उनके कार्य हमें यह सिखाते हैं कि जीवन में किसी भी परिस्थिति का सामना दृढ़ता और साहस से किया जा सकता है। उनकी स्मृति को नमन।
पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने भी अमृतलाल मीणा के निधन पर गहरा दुख जताया है।
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