
उदयपुर। उदयपुर के फतहसागर पाल पर आयोजित फ्लावर शो में हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड की प्रमुख सीएसआर पहलें—सखी, माइक्रो-एंटरप्राइज और समाधान प्रोजेक्ट—आकर्षण का केंद्र रहीं। 10 दिनों तक चले इस आयोजन में ग्रामीण महिलाओं द्वारा तैयार किए गए उत्पादों को पर्यटकों और उदयपुरवासियों ने खूब सराहा, जिससे इन पहलों की सफलता स्पष्ट रूप से सामने आई।
प्रदर्शनी में उपाया ब्रांड के तहत अजरख प्रिंट परिधानों की आकर्षक रेंज के साथ लैपटॉप बैग, कुशन कवर, डॉक्यूमेंट होल्डर और कोस्टर जैसे आधुनिक उत्पाद प्रदर्शित किए गए। इसके साथ ही दायची के शुद्ध मसाले, दालें, अचार-नमकीन और गायम पहल के अंतर्गत पारंपरिक विधि से तैयार बिलोना घी को भी जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली। इन उत्पादों की मांग के चलते 10 दिनों में कुल 4.99 लाख रुपये की बिक्री दर्ज की गई, जबकि स्टॉल पर 2 लाख से अधिक लोगों की आवाजाही रही।
फ्लावर शो में बनाए गए एंगेजमेंट जोन ने इस प्रदर्शनी को और भी खास बना दिया। यहां 5 हजार से अधिक लोगों ने स्वयं ब्लॉक प्रिंटिंग और बिलोना घी बनाने की पारंपरिक प्रक्रिया को नजदीक से जाना और अनुभव लिया। वहीं, सखी उठोरी समूह की महिलाओं द्वारा मंचित नुक्कड़ नाटकों ने सामाजिक जागरूकता का प्रभावी संदेश देते हुए दर्शकों को गहराई से प्रभावित किया।
हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड की ये पहलें न केवल ग्रामीण महिलाओं के कौशल को पहचान दिला रही हैं, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर बनाकर मुख्यधारा के बाजार से जोड़ने में भी अहम भूमिका निभा रही हैं। फ्लावर शो में मिली यह सफलता कंपनी के उस प्रयास को दर्शाती है, जिसके माध्यम से वह ग्रामीण समुदायों के सशक्तिकरण और सतत आजीविका को बढ़ावा देने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
Keywords : Hindustan Zinc, Sakhi Project, Samadhan Project, CSR Initiative, Flower Show Udaipur, Women Empowerment, Rural Micro Enterprise, Handicrafts Exhibition, Social Awareness, Sustainable Livelihood
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