जयपुर/प्रतापगढ़
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार सुबह प्रतापगढ़ जिले के बम्बोरी गांव का पैदल भ्रमण कर ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। उन्होंने गांव की गलियों में घूमकर आमजन की समस्याएं सुनीं और बुजुर्गों का आशीर्वाद लेकर उनके स्वास्थ्य और पेंशन योजनाओं के बारे में जानकारी ली।
बच्चों को बांटी चॉकलेट्स और महिलाओं से किया संवाद
भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री का एक आत्मीय रूप भी देखने को मिला जब छोटे बच्चों ने उन्हें अपना होमवर्क दिखाया। मुख्यमंत्री ने बच्चों को पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित करते हुए दुलार किया और चॉकलेट्स बांटीं। वहीं, महिलाओं से चर्चा करते हुए उन्होंने उन्हें सशक्त बनाने के लिए राजीविका (Rajivika) से जुड़ने का आह्वान किया।
‘विकसित राजस्थान’ का संकल्प और गांवों का विकास
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि गांवों के विकास के बिना प्रदेश का समग्र विकास संभव नहीं है। उन्होंने ‘विकसित राजस्थान’ के संकल्प को लेकर कहा:
जब तक गांवों के बीच जाकर लोगों से संवाद नहीं होगा, तब तक उनकी जमीनी समस्याओं को नहीं समझा जा सकता।
ग्राम विकास चौपाल और ग्राम विकास रथ गांवों की प्रगति सुनिश्चित करने के महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
चाय पर चर्चा और मंदिरों में दर्शन
भ्रमण के बाद मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ ‘चाय पर चर्चा’ की और मूलभूत सुविधाओं व लोक कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन का फीडबैक लिया। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों को ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश भी दिए।
धार्मिक कार्यक्रमों के तहत मुख्यमंत्री ने अपनी पत्नी के साथ:
गंगेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक और पूजा-अर्चना की।
लक्ष्मीनाथ जी मंदिर और चारभुजानाथ जी मंदिर में भी दर्शन कर प्रदेश की खुशहाली की कामना की।
इस अवसर पर राजस्व मंत्री हेमंत मीणा, सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम कुमार दक, सांसद सीपी जोशी और विधायक श्रीचंद कृपलानी भी मुख्यमंत्री के साथ उपस्थित रहे।
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