
ओम बन्ना जयंती पर विशेष आयोजन : श्रद्धा और भक्ति का संगम
उदयपुर। राजस्थान के लोक आस्था के प्रतीक और मानवता के मार्गदर्शक श्री ओम बन्ना सा की जन्म जयंती सोमवार को बलीचा धाम पर पूरे श्रद्धा भाव से मनाई जाएगी। यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक होगा, बल्कि सामाजिक समरसता और भक्ति भाव का अद्भुत संगम भी प्रस्तुत करेगा।
धाम के गादीपति रविंद्र बापू ने जानकारी देते हुए बताया कि जयंती के अवसर पर धाम पर विशेष धार्मिक अनुष्ठान होंगे। सुबह प्रातःकाल से दुग्धाभिषेक, श्रृंगार, अभिषेक, हवन यज्ञ और कन्या पूजन जैसी पवित्र विधियां विधिवत संपन्न की जाएंगी। यह आयोजन भक्तों को न केवल आध्यात्मिक ऊर्जा देगा, बल्कि समाज में सद्भावना और नारी सम्मान का संदेश भी देगा।
सांझ को महाआरती और आतिशबाजी :
शाम को पूरे धाम परिसर को दीपों और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया जाएगा। महाआरती का आयोजन ओम बन्ना भक्तों के दिलों में भक्ति की लौ और भी प्रज्वलित करेगा। साथ ही भव्य आतिशबाजी से आकाश ओम बन्ना के जयकारों से गूंज उठेगा।
भामाशाहों का सम्मान :
जयंती समारोह में समाजसेवा और आयोजन में योगदान देने वाले सहयोगी भामाशाहों का सम्मान भी अतिथियों द्वारा किया जाएगा। यह सम्मान उन सभी हाथों को नमन है जो बिना किसी अपेक्षा के लोकसेवा में समर्पित रहते हैं।
गिरिराज सिंह सांखला, प्रवक्ता के अनुसार, इस आयोजन में हजारों श्रद्धालुओं की सहभागिता रहने की संभावना है। धाम पर दर्शन व्यवस्था, सुरक्षा और स्वच्छता को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं।
ओम बन्ना, जिनकी बुलेट बाइक पर विराजित मूर्ति अब देशभर में आस्था का केन्द्र बन चुकी है, उनके जीवन मूल्य—ईमानदारी, साहस और दूसरों की मदद—आज भी समाज को प्रेरणा दे रहे हैं।
About Author
You may also like
-
जब एक ही स्वर में गूंज उठा ‘णमोकार’ और थम सा गया उदयपुर…फोटो जर्नलिस्ट कमल कुमावत ने पेश किया आंखों देखा हाल
-
ग्लैमर छोड़ ज़मीन की सियासत तक : डॉ. दिव्यानी कटारा का बेबाक इंटरव्यू—बाप के उभार से लेकर पर्ची सरकार तक
-
अमेरिका-ईरान युद्धविराम पर महबूबा मुफ्ती का बड़ा बयान : पाकिस्तान की भूमिका अहम, ईरान की बहादुरी काबिले तारीफ
-
When friends mocked Amitabh, Jaya stood up for him : The untold story of love at first sight
-
माइनिंग में तकनीक का नया युग, हिंदुस्तान जिंक ने राजपुरा दरीबा में शुरू किया टेली-रिमोट ऑपरेशंस