नामीबिया के भारतीय उच्चायुक्त के साथ यूसीसीआई में बैठक का आयोजन
उदयपुर। “नामीबिया में माईनिंग, पर्यटन एवं उर्जा के क्षेत्र में व्यवसाय की अपार सम्भावनाएं हैं। भारतीय उद्यमियों को नामीबिया में व्यावसायिक निवेश हेतु भारतीय उच्चायोग सभी प्रकार की सहायता प्रदान करने के लिए तत्पर है।“
उपरोक्त जानकारी नामीबिया में भारतीय उच्चायुक्त ने यूसीसीआई में व्यक्त किये।

मानद महासचिव मनीष गलुण्डिया ने जानकारी दी कि उदयपुर चेम्बर आफ काॅमर्स एण्ड इण्डस्ट्री द्वारा यूसीसीआई भवन में नामीबिया में भारत के उच्चायुक्त महामहिम श्री एम. सुब्बारायुडू के साथ एक परिचर्चात्मक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में पदाधिकारियों के अलावा अन्य देशों में औद्योगिक उत्पादन से जुडी इण्डस्ट्री के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
बैठक में उच्चायुक्त महामहिम एम. सुब्बारायुडू ने नामीबिया में भारतीय कम्पनियों के लिये व्यावसायिक अवसरों के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि मात्र 26 लाख की जनसंख्या एवं 840 हजार वर्ग किलोमीटर के क्षेत्रफल के इस देश में हीरा, यूरेनियम, लीथियम, पेट्रोलियम जैसे बहुमूल्य खनिज प्रचुर मात्रा में मौजूद हैं। पर्यटन एवं समुद्री खाद्य पदार्थ के अलावा उर्जा के क्षेत्र में व्यवसाय की अपार सम्भावनाएं हैं। नामीबिया में स्थापित भारतीय उच्चायोग भारतीयों को वहां व्यवसाय के लिए सभी प्रकार की मदद देने के लिए तत्पर है।

बैठक में प्रतिभागियों के प्रश्नों का उत्तर देते हुए महामहिम उच्चायुक्त ने बताया कि सूरत एवं मुम्बई की डायमण्ड व्यवसाय से जुडी कई कम्पनियां वहां व्यवसायरत हैं तथा भारतीय व्यवसायियों की वहां अच्छी छवि है। कानून व्यवस्था अथवा पाॅलिसी सम्बन्धी चुनौतियां बहुत कम हैं।
बैठक में अध्यक्ष संजय सिंघल, वरिष्ठ उपाध्यक्षा डाॅ. अंशु कोठारी, उपाध्यक्ष श्री दिलीप तलेसरा, मानद महासचिव श्री मनीष गलुण्डिया के अलावा हिन्दुस्तान जिंक, सिक्योर मीटर्स आदि कम्पनियों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
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