नई दिल्ली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर लगाए गए शेयर बाजार में घोटाले के आरोपों पर भारतीय जनता पार्टी के नेता पीयूष गोयल ने कड़ा जवाब दिया है। उन्होंने राहुल गांधी पर निवेशकों को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कहा कि राहुल गांधी के आरोप बेबुनियाद हैं और उनकी मंशा विपक्ष की हार से पैदा हुई हताशा को दर्शाती है।
पीयूष गोयल के मुख्य बयान
1. आरोपों का खंडन
– पीयूष गोयल ने कहा कि राहुल गांधी शेयर मार्केट के निवेशकों को गुमराह करने की साजिश रच रहे हैं।
– उन्होंने राहुल गांधी के 30 लाख करोड़ रुपये के नुकसान के आरोपों को गलत बताते हुए कहा कि राहुल गांधी यह नहीं समझते कि यह वेल्यूएशन है।
2. भारतीय अर्थव्यवस्था की स्थिति
– गोयल ने कहा कि आज भारत दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गई है और यह दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती हुई अर्थव्यवस्था है।
– उन्होंने कहा कि पिछले 10 वर्षों में मोदी सरकार के कार्यकाल में भारत का मार्केट कैप 400 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है।
3. शेयर मार्केट के बदलाव
– गोयल ने स्पष्ट किया कि शेयर मार्केट में बदलाव होते रहते हैं और यह सामान्य बात है।
– उन्होंने कहा कि जब यूपीए सरकार थी, तब भारत का शेयर मार्केट कैप 67 लाख करोड़ रुपये था, जो अब 400 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है।
4. निवेशकों को फायदा
– गोयल ने कहा कि एग्जिट पोल आने के बाद विदेशी निवेशकों ने शेयर खरीदे और भारतीय निवेशकों को फायदा हुआ।
– नतीजे आने के बाद विदेशी निवेशकों ने शेयर बेचे और भारतीय निवेशकों ने इस अंतराल में कमाई की।
– उन्होंने कहा कि मार्केट अब फिर से उसी स्तर पर पहुंच गई है, जहां तीन-चार दिन पहले थी, और यह इसलिए हुआ क्योंकि फिर एक बार मोदी सरकार आ रही है।
पीयूष गोयल ने राहुल गांधी के आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए कहा कि यह विपक्ष की हताशा का परिणाम है। उन्होंने भारतीय अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार की मजबूती पर जोर दिया और स्पष्ट किया कि भारतीय निवेशकों को फायदा हुआ है जबकि विदेशी निवेशकों को नुकसान हुआ है। गोयल ने यह भी कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार में स्थिरता मोदी सरकार की नीतियों का परिणाम है।
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