
कैनसस सिटी। क्या लियोनेल मेस्सी पर उम्र का कोई असर नहीं होता? यह सवाल आज पूरी दुनिया के फुटबॉल प्रेमी पूछ रहे हैं। विश्व कप के एक मुकाबले में गत चैंपियन अर्जेंटीना ने अल्जीरिया को 3-0 से मात देकर एक आसान और एकतरफा जीत दर्ज की है। लेकिन इस मैच की पूरी लाइमलाइट अर्जेंटीना के कप्तान और फुटबॉल के जादूगर लियोनेल मेस्सी ने लूट ली, जिन्होंने खेल के मैदान पर एक नया इतिहास रचते हुए रिकॉर्ड तोड़ हैट्रिक जमाई है।
39 की उम्र में मेस्सी का ‘अविश्वसनीय’ कारनामा
फुटबॉल विश्लेषक डैनियल गुर्फ़िंकेल ने मेस्सी के इस प्रदर्शन पर हैरत जताते हुए कहा, “क्या मेस्सी बढ़ती उम्र के सिद्धांत को नहीं समझते? विश्व कप में हैट्रिक लगाना अपने आप में बेहद प्रभावशाली है, लेकिन जब आप लगभग 39 वर्ष के हों और तब ऐसा कारनामा करें, तो यह पूरी तरह से अविश्वसनीय और पागलपन जैसा है।”
आलोचकों द्वारा अक्सर यह सवाल उठाया जाता रहा है कि क्या मेस्सी अब बूढ़े हो चुके हैं? क्या 2022 में विश्व कप की ‘प्रॉमिस्ड लैंड’ (ख्वाबों की दुनिया) तक पहुँचने और खिताब जीतने के बाद वे सुस्त या आत्मसंतुष्ट हो गए हैं? लेकिन अल्जीरिया के खिलाफ मैदान पर मेस्सी ने अपनी जादुई हैट्रिक से यह साफ कर दिया कि उनके खेल में अभी भी वही पुराना धार और भूख बाकी है।
विंटेज बार्सिलोना के दिनों की याद दिलाने वाली हैट्रिक
मेस्सी की यह हैट्रिक बेहद खास और विविधताओं से भरी रही:
पहला गोल: मैच का पहला गोल मेस्सी ने एक जोरदार और करारे प्रहार (fierce wallop) के साथ किया, हालांकि यहाँ विरोधी गोलकीपर के पास बचाव का मौका हो सकता था।
दूसरा गोल: मेस्सी ने दूसरा गोल बेहद चालाकी से बॉक्स के भीतर टैप-इन (tap-in) करते हुए दागा, जिसने उनके बेहतरीन पोजीशनिंग सेंस को दिखाया।
तीसरा गोल: तीसरा गोल उनके विंटेज बार्सिलोना के दिनों की याद दिलाने वाला था। बॉक्स के करीब शानदार ‘वन-टू’ (one-two) पासिंग गेम के बाद उन्होंने गेंद को बड़ी ही खूबसूरती से साइडफुट करते हुए कॉर्नर में धकेल दिया और अपनी ऐतिहासिक हैट्रिक पूरी की।
इस शानदार जीत के साथ डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना ने टूर्नामेंट में अपना दबदबा कायम रखा है, वहीं मेस्सी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वे सर्वकालिक महान खिलाड़ी (Incomparable) क्यों माने जाते हैं।
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