डीजीपी उमेश मिश्रा का वीआरएस मंजूर, उत्कल रंजन साहू को अतिरिक्त चार्ज

जयपुर। सीनियर आईपीएस उत्कल रंजन साहू ने शनिवार को प्रातः पुलिस मुख्यालय में महानिदेशक पद का कार्यभार संभाला।
डीजीपी उमेश मिश्रा का वीआरएस सरकार ने एक दिन पहले मंजूर कर लिया और कार्मिक विभाग ने शुक्रवार रात इसके आदेश जारी कर दिए थे। होमगार्ड डीजी उत्कल रंजन साहू को डीजीपी का अतिरिक्त चार्ज दिया है। नए डीजीपी की नियुक्ति तक साहू काम प्रदेश की कानून व्यवस्था की कमान संभालेंगे। नए साल में अब प्रदेश में नए डीजीपी की नियुक्ति होगी।
कांग्रेस सरकार के समय 7 अक्टूबर 2022 को उमेश मिश्रा डीजीपी बने थे। मिश्रा को एमएल लाठर की जगह डीजीपी नियुक्त किया गया था। लाठर के रिटायर होने के बाद मिश्रा ने 3 नवंबर 2022 को डीजीपी का चार्ज संभाला था। मिश्रा को चार्ज संभालने से दो साल साल की अवधि के लिए डीजीपी नियुक्त किया था। उमेश मिश्रा का कार्यकाल 3 नवंबर 2024 तक था, उन्होंने 11 महीने पहले ही वीआरएस ले लिया है।

नई सरकार में अब नए सीएस और डीजीपी मिलेंगे
प्रदेश में अब जल्द नए मुख्य सचिव(सीएस) और डीजीपी की नियुक्ति की जानी है। राज्य सरकार के स्तर पर इसकी कवायद शुरू हो गई है। नए डीजीपी के लिए राज्य सरकार यूपीएससी को पैनल भेज रही है। यूपीएससी से मंजूरी के बाद नए फुल टाइम डीजीपी की नियुक्ति होगी।
प्रदेश में नए मुख्य सचिव की नियुक्ति भी जल्द होने की संभावना है। सीएस उषा शर्मा का 31 दिसंबर को कार्यकाल पूरा हो रहा है। महीने का आखिरी वर्किंग डे होने के कारण सीएस उषा शर्मा को आज सचिवालय में एक सादे समारोह में आईएएस एसोसिएशन ने विदाई दी।
साहू सबसे सीनियर IPS, लेकिन सर्विस 6 महीने की बची
साहू फुल टाइम डीजीपी बनने की रेस में हैं। साहू साल 1988 बैच के आईपीएस अफसर हैं। सीनियरिटी लिस्ट में नंबर वन पर हैं। वे उमेश मिश्रा से भी सीनियर हैं। उमेश मिश्रा साल 1989 बैच के आईपीएस अफसर हैं। गहलोत सरकार ने दो अफसरों की सीनियरिटी लांघकर उमेश मिश्रा को डीजीपी बनाया था। हालांकि साहू की सर्विस 6 महीने ही बची है। वे जून में रिटायर हो जाएंगे।
About Author
You may also like
-
साहित्य और संगीत समाज की धड़कन : ऐश्वर्या कॉलेज में गूंजी शायराना उदयपुर की सुरमयी शाम
-
अंजुमन तालीमुल इस्लाम, उदयपुर की जानिब से ख्वातीन के इख़्तियार व तरक़्क़ी के लिए अहम पहल
-
बडंगा में मानवता की मिसाल : मानव कमल कैलाश सेवा संस्थान ने आयोजित किया राहत सामग्री वितरण शिविर
-
स्मृति शेष : विजनरी कुलपति प्रो. जे.पी. शर्मा—अदम्य इच्छाशक्ति और निर्माण के शिल्पी-प्रो. पीआर व्यास
-
उदयपुर : दशावतार की गूंज और सशस्त्र गरबा का शौर्य, नववर्ष महोत्सव में दिखा भक्ति और शक्ति का अनूठा संगम