उदयपुर। अर्थ ग्रुप के सीएमडी और सीईओ डॉ. अरविंदर सिंह ने जयपुर में आयोजित सेमिनार में, कॉस्मेटिक स्त्री विज्ञान के अक्सर नजरअंदाज किए जाने वाले मेडिकोलीगल पहलुओं पर गहराई से बात की और अपने ज्ञान और विशेषज्ञता को साझा किया। सेमिनार ने चिकित्सा समुदाय पर एक अमिट छाप छोड़ी।
डॉ. सिंह ने कंस्यूमर प्रोटेक्शन एक्ट और क्लीनिकल इस्टैब्लिशमेंट एक्ट की विस्तृत विश्लेषण और विवेचना की। डॉ. सिंह ने नेशनल मेडिकल कमीशन की नई गाइडलाइन्स जिसमें चिकित्सकों के लिए विज्ञापन और सोशल मीडिया आचरण की जानकारी भी दी गयी। इस बात पर जोर दिया गया कि कानून की जानकारी और कानून की पालना से ही कानूनी कार्यवाही से बचा जा सकता है।
कॉस्मेटिक स्त्री विज्ञान प्रमुख रूप से सौंदर्य सम्बंधित समस्याओ का निवारण करता है अतः इन प्रक्रिया में लोगो की काफी अपेक्षाएं होती है। डॉक्टर्स के लिए यह आवश्यक है कि उचित काउंसलिंग के द्वारा सही अपेक्षा निर्धारित करें।
डॉ. सिंह ने अपने साथियों से प्रैक्टिस को “नैतिकता और कानून के आईने” में देखने का आग्रह किया। उन्होंने बताया कि हम सभी चिकित्सक, प्रैक्टिस में सर्वोच्च मानकों को बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।
यह सिर्फ़ एक सेमिनार नहीं था, यह एक विवेचनात्मक, विश्लेषणात्मक शिक्षा थी। सेमिनार का आयोजन जयपुर के प्रख्यात कॉस्मेटिक प्लास्टिक सर्जन डॉ. सौरभ रावत और प्रसिद्ध स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. श्रद्धा गोयल द्वारा किया गया।
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