जयपुर। राजस्थान पुलिस अकादमी में महिला शारीरिक शिक्षकों का 10 दिवसीय कोर्स “ट्रेनिंग ऑफ ट्रेनर सेल्फ डिफेंस टेक्निक्स फॉर वूमेन” सोमवार से प्रारम्भ हुआ। पहले दिन उदघाटन सत्र के बाद आत्मरक्षा के बारे में प्रतिभागियों को शारीरिक हमले से बचाव की सामान्य जानकारी दी गई।

उपमहानिरीक्षक पुलिस व आरपीए सहायक निदेशक श्री प्रदीप मोहन शर्मा ने बताया कि उदघाटन सत्र में निदेशक शिक्षा श्रीमती श्रुति भारद्वाज, आरपीए के उपनिदेशक श्री कैलाश जाट, गर्ल्स एजुकेशन के डीसी श्री वजीबी सागर मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुनीता मीणा द्वारा किया गया।
सहायक निदेशक श्री शर्मा ने बताया कि शिक्षा विभाग के 500 महिला पीटीआई को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण देकर पारंगत करने के उद्देश्य से राजस्थान पुलिस अकादमी में 10 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया है। पहले चरण में लगभग 100 महिला पीटीआई भाग ले रही है।
उन्होंने बताया कि राजस्थान पुलिस तथा शिक्षा विभाग की साझेदारी से यह कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इस प्रशिक्षण के कुछ महीनों बाद इन सभी को पांच दिवसीय एडवांस लेवल का रिफ्रेशर कोर्स भी कराया जाएगा। इस 10 दिवसीय प्रशिक्षण में महिला शारीरिक शिक्षकों को इन्डोर और आउटडोर दोनों ही रूप में प्रशिक्षित किया जाएगा।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती सुनीता मीणा ने बताया कि कोर्स के तहत महिला पीटीआई को आउटडोर में शारीरिक रूप से सक्षम बनाने के साथ आत्मरक्षा की तकनीकों की जानकारी दी जाएगी। इन्डोर में अधिकारों और कानूनों के बारे में सजग कर कानून में हुए नए संशोधनों, महिला सुरक्षा कानून, बालकों की सुरक्षा, लैंगिक अपराध एवं बालकों का संरक्षण अधिनियम के बारे में भी विस्तृत जानकारी दी जाएगी। ताकि वह अपने स्कूल में बच्चे एवं बच्चियों को प्रशिक्षित करके उन्हें हर विपरीत परिस्थिति से लड़ने के लिए तैयार कर उनका हौसला व आत्म विश्वास बुलंद कर सके।
About Author
You may also like
-
गहलोत पहुंचे गिरिजा व्यास के परिजनों से मिलने: अहमदाबाद में लिया स्वास्थ्य का हाल, डॉक्टरों से भी की बातचीत
-
गुरदासपुर में गवर्नर कटारिया की पदयात्रा शुरू, नशे के खिलाफ युवाओं को कर रहे जागरूक
-
राजस्थान उत्सव-2025 : उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने किया राजस्थान उत्सव का अवलोकन
-
जयपुर : तेजाजी मंदिर में मूर्ति तोड़ने वाला सिद्धार्थ सिंह गिरफ्तार, पुलिस की तेज़ कार्रवाई
-
राजस्थान में मासूम की मौत पर सवाल, स्कूल प्रबंधन के दावे पर परिजनों का अविश्वास