
पुणे/लोनावाला/उदयपुर।
लोहगढ़ किले (Lohagad Fort) में हुए सनसनीखेज केतन अग्रवाल हत्याकांड में हर दिन नए और चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। इस मामले में अब मुख्य आरोपी सिया गोयल की मां पूजा गोयल ने अपनी बेटी पर लगे गंभीर आरोपों पर चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने उस दावे को सिरे से खारिज कर दिया है जिसमें कहा जा रहा था कि सिया मर्डर से एक महीने पहले अपने बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी के साथ उदयपुर घूमने गई थी।
दूसरी ओर, पुलिस जांच में आरोपी चेतन चौधरी का ‘डिजिटल ब्लैकआउट’ (इंटरनेट बंद करना) इस केस की सबसे मजबूत कड़ी बनकर उभरा है।
सिया की मां का दावा : “रोमांटिक ट्रिप नहीं, दोस्त की शादी थी”
मामले की मुख्य आरोपी सिया गोयल (20) की मां पूजा गोयल ने मीडिया से बातचीत में अपनी बेटी का बचाव किया है। उदयपुर का एंगल इस केस में बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि आगामी नवंबर में मृतक केतन और सिया की शादी इसी शहर में होने वाली थी।
अलग-अलग की थी यात्रा: मां पूजा गोयल का कहना है कि सिया मई के महीने में किसी दोस्त की शादी में शामिल होने उदयपुर गई थी। सिया और चेतन ने एक साथ यात्रा नहीं की थी, बल्कि दोनों अलग-अलग वहां पहुंचे थे।
केतन से सिर्फ ‘दोस्त’ कहकर मिलवाया था: मां ने यह भी दावा किया कि सिया ने चेतन को केतन से महज एक साधारण दोस्त के रूप में मिलवाया था, न कि बॉयफ्रेंड के तौर पर।
मर्डर के दिन 640 मिनट (10 घंटे) इंटरनेट ग्रिड से गायब रहा चेतन
जांच अधिकारियों के अनुसार, हत्या वाले दिन आरोपी चेतन चौधरी का इंटरनेट से गायब रहना उसके खिलाफ सबसे बड़ा डिजिटल सबूत बन गया है।
सोची-समझी रणनीति: 18 जून की सुबह, जिस दिन 26 वर्षीय केतन अग्रवाल की लोहगढ़ किले से गिरकर मौत हुई, चेतन ने सुबह करीब 7 बजे अपने मोबाइल का इंटरनेट बंद कर दिया था।
10 घंटे रहा ऑफलाइन: चेतन लगातार करीब 640 मिनट (लगभग 10 घंटे) तक पूरी तरह ऑफ द ग्रिड (ऑफलाइन) रहा। पुलिस का मानना है कि यह उसकी लोकेशन और हरकतों को छुपाने की एक सोची-समझी साजिश थी, ताकि वह सर्विलांस से बच सके।
उल्टा पड़ा पासा: पुलिस का कहना है कि इस डिजिटल ब्लैकआउट पैटर्न ने रहस्य को छुपाने के बजाय, पुलिस को उस दिन की पूरी टाइमलाइन और घटनाक्रम को अधिक सटीकता से रीकंस्ट्रक्ट (पुनर्निर्मित) करने में मदद की है।
जांच की वर्तमान स्थिति: कस्टडी में एक-दूसरे पर मढ़ रहे आरोप
पुलिस ने सिया (20) और चेतन (22) को सिया के बयानों में आए विरोधाभासों के बाद गिरफ्तार किया था। सिया ने पहले कहा था कि केतन फोटो खींचते समय फिसल गया, फिर उसने बयान बदला कि वह पानी की बोतल देते समय फिसला। कॉल डिटेल्स खंगालने पर पता चला कि सिया और चेतन ने पिछले 6 महीनों में 4,400 से अधिक बार फोन पर बात की थी।
साझा साजिश का शक: पुलिस कस्टडी में दोनों आरोपी अब एक-दूसरे पर दोष मढ़ रहे हैं। चेतन का दावा है कि केतन की हत्या का आइडिया सिया का था, जबकि सिया का आरोप है कि यह पूरी प्लानिंग अकेले चेतन ने की थी। हालांकि, पुलिस का कहना है कि फॉरेंसिक और डिजिटल सबूत दोनों की संयुक्त साजिश (Joint Conspiracy) की ओर इशारा कर रहे हैं। फिलहाल कोर्ट में इन आरोपों का साबित होना बाकी है।
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